एक सामाजिक स्वप्न से साकार संरचना तक के सफर संबंधी साक्षात्कार
साक्षात्कार शहीद कोतवाल धन सिंह गुर्जर भवन एक सामाजिक स्वप्न से साकार संरचना तक का सफर साक्षात्कारकर्ता : उलझन सुलझन का प्रतिनिधि साक्ष्यदाता : श्री वीरेन्द्र कुमार (केंद्रीय सेवा से सेवानिवृत्त और सजातीय संगठन गुर्जर सभा के अध्या) प्रश्न १. सबसे पहले, इस भव्य भवन के लोकार्पण पर आपको बहुत-बहुत बधाई। क्या आप इस भवन की परिकल्पना के मूल उद्देश्य के बारे में बताना चाहेंगे? उत्तर: "धन्यवाद। इस भवन की परिकल्पना केवल एक निर्माण कार्य नहीं थी, बल्कि यह समाज को एक ऐसी साझा छत देने का प्रयास था जहाँ शिक्षा, संस्कार और सामाजिक एकता का विकास हो सके। हमारा उद्देश्य था कि आने वाली पीढ़ियों को एक ऐसा केंद्र मिले जहाँ वे अपनी प्रतिभा को पहचान सकें और समाज से जुड़ाव महसूस करें।" प्रश्न २. इस भवन का नाम *शहीद कोतवाल धन सिंह गुर्जर* के नाम पर रखने के पीछे क्या भावना रही? उत्तर: "शहीद कोतवाल धन सिंह गुर्जर हमारे समाज के गौरव हैं। उनका बलिदान और देशभक्ति हमें प्रेरित करती है। हम चाहते थे कि इस भवन के माध्यम से युवाओं को उनके आदर्शों से परिचित कराया जाए, ताकि उनमें भी देश और समाज के प्रति ...